Saturday, August 28, 2010

प्यार बरसेगा

जब जमाना इश्क को समझेगा
तब मेरे यार ये माहौल बदलेगा
ना होगा फिर मौहब्बत पर पहरा
ना कोई मिलने को तरसेगा
बस आग जलेगी मौहब्बत की सबके दिल में
हर कोई मौहब्बत करने को तरसेगा
प्यार ही प्यार होगा चारो ओर
सभी होंगे प्यार में
मौहब्बत का सूरज तब आसमान में चमकेगा
फिर देखना ए मेरे दोस्त
इस दुनिया में ऐसा वक़्त आएगा
आसमां से पानी की जगह
प्यार बरसेगा

 

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